क्या आप जानते हैं नवरात्रों में लहसुन और प्याज़ ना खाने के पीछे क्या कारण हैं, जानिये वजह.

नवरात्र आते ही लोग अपने घरों से लहसुन-प्याज़ हटा देते हैं और नौ दिनों तक इसका सेवन नहीं करते। आप सब ने भी अपने-अपने घरों में ये जरूर देख होगा, लेकिन की आपने कभी ये सोचा की आखिर नवरात्रों में लहसुन-प्याज़ खाना क्यों मना है। जानने के लिए इस खबर को पूरा पढ़े और अपने मन में हो रहे गुरगुराहट को दूर करें।

लहसुन-प्याज़ है तामसिक भोज्य पदार्थ

लहसुन और प्याज़ को तामसिक भोज्य पदार्थ की कैटेगरी में रखा जाता है। इसका सेवन लोग नवरात्र के दौरान इसलिए नहीं करते क्यूंकि इससे माँ जगदम्बे की पूजा अर्चना में बढ़ा आती है। इसके सेवन से हमारी ग्रोथ और समृद्धि पर असर पड़ता है। यही कारण है की लोग इनदिनों लहसुन प्याज़ का सेवन नहीं करते। इसके पीछे एक पौराणिक कथा भी है। ऐसा कहा जाता है की समुद्र मंथन के दौरान जब देवताओं और असुरों में अमृत पाने के लिए युद्ध चल रहा था, देवता गण असुरों को अमृत नहीं देना चाहते थें क्यूंकि एक असुर का अमर होना पूरी दुनिया के लिए खतरनाक हो सकता था। इसलिए भगवान् विष्णु ने उन्हें दो टुकड़ों में बाँट दिया, पहला टुकड़ा राहु और दूर केतु कहलाया। ऐसी मान्यता है की इस दौरान पृथ्वी पर उनकी कुछ बूंदें गिर गयीं थी और प्याज़ और लहसुन उसी से खून के बून से पैदा हुए थे। अब सवाल ये उठता है की तामसिक भोज्य पदार्थ होता क्या है, असल में तामसिक का अर्थ है शरीर को निष्क्रिय करने वाला खाना जो दिमाग और शरीर को आलसी बनाता है। लहसुन और प्याज़ वाला खाना खाने से आलस आता है और व्यक्ति फ़ूड कोमा यानि की निद्रा की आगोश में चला जाता है। नवरात्री को देवी के पूजा अर्चना का त्यौहार माना जाता है इसलिए इन दिनों प्याज़ लहसुन का सेवन बिलकुल है करना चाहिए।

नवरात्रों में ही केवल लहसुन-प्याज़ का त्याग क्यों किया जाता है ?

नवरात्री के व्रत को लम्बे समय के लिए लाभकारी माना जाता है। साल में दो बार आने वाला नवरात्री के व्रत के दौरान दिन और रात समान होती है। ये वो समय होता है जब पृथ्वी का एक तिहाई भाग सूरज के बीच से होकर गुजरता है और पूरा ब्रह्माण्ड बदल रहा होता है।ये समय अपने शरीर में बदलाव लाने के लिए सबसे उत्तम माना जाता है। पॉजिटिव एनर्जी और अन्य शक्तियों को अपने अंदर प्रवेश करने देने के लिए लहसुन और प्याज़ का खाना सख्त मना होता है। अगर आप इन नौ दिनों में खुद को बदलना चाहते हैं तो आपको विशेष तौर पर लहसुन और प्याज़ से नौ दिन खुद को दूर रखना होता है और केवल पूजा आराधन पर ध्यान देना होता है।

प्याज़ और लहसुन ना खाने के पीछे वैज्ञानिक और आयुर्वेदिक कारण भी है।

Inderpreet Sharma